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धनंजय मुंडे ची बातमी, यह आदमी शक्ल से ही कोई गुण्डा दिखाई देता है- मुमकिन है कि इसने यह मूर्तियां कहीं से चुराई हों । अगर ऐसा हुआ राज, तो जब तू इन मूर्तियों को बेचने जायेगा, तभी तू फंसेगा । गोविन्दा ने अपनी चाल तेज की, सलमा के नजदीक पहुंचकर फुसफुसाया—आप कुछ कीजिए न मालकिन, मालिक के सामने कोई पुलिस वाला हमसे ऐसा व्यवहार नहीं कर सकता था।

उसने मेज से उठाकर दारू की बोतल मुँह से लगायी, चेहरा छत की तरफ उठाया, फिर पेशाब जैसी हल्के पीले रंग वाली दारू को गटागट हलक से नीचे उतार गया । उसने जब फट् की जोरदार आवाज के साथ बोतल वापस मेज पर पटकी, तो वह पूरी तरह खाली हो चुकी थी । एक क्षण के लिए उसे चाकू का ब्लेड चमकता दिखाई दिया । उसने चीखना चाहा । वह चीखा भी । परन्तु वह चीख घुटी-घुटी थी । तब तक चाकू उसके जिस्म में पैवस्त हो चुका था ।

उदास मन से वैशाली घर पहुंची । घर में अपाहिज बाप और माँ थी । उस समय घर में एक और अजनबी शख्स मौजूद था । धनंजय मुंडे ची बातमी उ...उसका धन्यवाद अदा करूंगा साहब । राज बोला- उस फरिश्ते को दण्डवत प्रणाम करूंगा, जो उसने मेरे जैसे मामूली आदमी की जिंदगी बचाने के लिये अपने पांच लाख रुपये दांव पर लगा दिये । वैसे भी कम-से कम एक बार मुझे उस फरिश्ते की सूरत तो देखनी ही चाहिये ।

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  1. इंस्पेक्टर बन जाने के बाद मेरा लक्ष्य था, प्रतापगढ़ थाने पर नियुक्ति—मगर अपनी उस आकांक्षा को भूले से भी किसी के सामने व्यक्त नहीं कर सकता था क्योंकि इससे ‘एक्सपोज’ हो जाता—बड़े धैर्य के साथ मैंने अपनी वह इमेज बनाई जिससे प्रभावित होकर अफसर एक दिन मुझे खुद प्रतापगढ़ भेज दें।
  2. सर यह झूठ बोलता है । बलदेव बोल उठा, इसने फायर की आवाज सुनी । उसी वक्त अंदर भी आया और फिर दरवाजा बन्द करके बाहर जम गया । फिर गोली चलाने वाला कहाँ गया ? मैंने सारा फ्लैट देख मारा है, इस दरवाजे के सिवा बाहर निकलने का कोई रास्ता नहीं है, एक खिड़की है जिस पर ग्रिल लगी है, सलामत है ग्रिल भी । ગુજરાતી સેક્સ વીડીયો એચડી
  3. इनसे क्या जोर आजमाइश , मजा तो जब आयगा जब दर्द भी अपना और दुश्मन भी अपना दूर से आती आवाज ने मेरा ध्यान खींच लिया सुअर के बच्चे, तू यहाँ भी मर गया । मैं तुझे गोली मार दूँगा, तू हैं कौन हरामजादे ? तेरी इतनी हिम्मत, मैं तेरी बोटी-बोटी नोंचकर कुत्तों को खिला दूँगा ।
  4. धनंजय मुंडे ची बातमी...बूथ में घुस गया और जनार्दन नागारेड्डी का फोन नम्बर डायल किया । फोन बजते ही उसने कोड बोला । कुछ क्षण बाद ही जे.एन. फोन पर था । व्हाट नॉनसेन्स ! राजदान चीखा, यह अदालत का अपमान कर रहा है । कानून का मजाक उड़ा रहा है, क्या समझ रखा है इसने कानून को ?
  5. डिनर करते समय मैंने रह रह कर आती जाती सुधा के नितंबों पर चुटकी काटी। डिनर टेबल पर ही सुधा ने मुझ से प्रिया के कमरे के वडी तुम दोनों शायद ठीक ही कहते हो । फिर सेठ दीवानचन्द काफी सोचने-विचारने के बाद हुंकार-सी भरकर बोला- वाकई अब इसका और ज्यादा देर यहाँ रुकना हमारी सेहत के लिये ठीक नहीं है ।

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उसे होश नहीं आना चाहिए नंबर टेन—जैसे ही आने लगे, पुनः क्लोरोफार्म सुंघा देना—तुम लोगों की शक्ल तक न देख पाए वह—बहुत खतरनाक आदमी है, होश में आते ही गड़बड़ कर सकता है।

अगर मैं कहूँ की महफ़िल की हर नजर जैसे बस एक चेहरे पर थी तो गलत नहीं होगा. काली साड़ी में लिपटा गुलाब जिसे किसी गुलदस्ते किसी बाग़ की जरुरत नहीं थी, उसके साथ जो आदमी था शायद उसका पति रहा होगा. ऊँचा लम्बा कद, रौबीला चेहरा और दोनों की जोड़ी बहुत शानदार थी. ओह … तो रंगनाथन का इतना आतंक है यहां! तुम लाखों रुपये महीना का नुकसान सह सकते हो मगर पुलिस को खुलकर नहीं बता सकते कि यह नुकसान किसके कारण है?

धनंजय मुंडे ची बातमी,न जाने कितनी देर मैं सोया था पर उसी रुबाब की आवाज से मैं जाग गया, मेरी आँखों के सामने वही नजारा था वो ठीक उसी जगह बैठी थी , बस आज कोई दिए नहीं जल रहे थे, क्या मालूम उसे मेरी मोजुदगी का भान था या नहीं या उसे परवाह नहीं थी , बस वो खोयी थी खुद में

एस.डी. कॉलिज के लंबे-चौड़े मैदान के चारों तरफ दूर-दूर तक उस लोकप्रिय नेता की प्रभावशाली आवाज गूंज रही थी—मैदान तो खैर खचाखच भरा हुआ था ही, सबसे आश्चर्यजनक बात ये थी कि इतनी भीड़ के बावजूद किसी तरफ शोरगुल न था।

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जब मेरी आँख खुली तो मैंने खुद को उसी कमरे में पड़े पाया, बदन की हड्डिया अभी तक दुःख रही थी , मेरा फोन बज रहा था मैंने उसे उठाया और कान से लगाया, दूसरी तरफ से जो बताया दिल थोडा खुश हो गया था , कपडे झाड़ते हुए मैं अपनी गाड़ी के पास गया और शहर की तरफ चल दिया.

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